बैगलोर के नाईट क्लब में हुई

नमस्कार, दोस्तों पियूष आपको अपनी सेक्सी कहानी सुना रहा हूँ। मेरे दोस्त कई दिन से कह रहे थे की बैगलोर के कुछ नाईट क्लब है यहँ रात के 12 बजे के बाद जमकर रेव पार्टी होती है। जवान बेब्स वहां आती है, नशा करती है, फिर उनको लेकर आप डांस फ्लोर पर जाइये, डांस करिए, फिर चिक्स खुद ही कहने लगती है की मुझे चोदो। बस यही सोचकर दोंस्तों मैं आपमें दोंस्तों अभय और गुरप्रीत के साथ बैगलोर के उस नाईट क्लब की खोज करने लगा। फिर आखिर में हम उस जगह पहुँच गये। इस नाईट क्लब का नाम था हाई अल्ट्रा लॉन्ज।

ये अपने हैप्पी आवर ड्रिंक्स और कॉकटेल के लिए बड़ा मश्हूर था। शाम 8 बजे के बाद यहाँ हैप्पी आवर मनाया जाता था जिसमे सस्ती ड्रिंक्स मिलती थी। ये क्लब मल्लेश्वराम, डॉ राजकुमार रोड पर था। हम तीनों दोस्त ने एंट्री ली। वाओ ये बहुत कमाल का क्लब था। बिकुल जन्न्त था। बहुत कोज़ी था। वैसे हम तीनों दोस्त किसी चिक की चूत मारने ही गये थे। क्लब में जैपनीस , थाई, मुगलई, चाईनीस हर तरह का खाना उपलब्ध था। ड्रिंक्स भी कमाल की थी। आधे घण्टे तक तो हम लोग सिर्फ क्लब की खूबसूरती ही देखते रह गये।

सोफे बहुत मुलायम, नए और बिलकुल नयी डिजाईन के थे। ऊपर छत में अर्टिफियाल बादल बने थे। हम तीनों से थाई खाना आर्डर किया। सारी वेट्रेस बड़ी जवान,और खूबसूरत थी। वो हँसकर सभी आर्डर ला रही थी। बड़ी फ्रेंडली थी वो सब। मन कर रहा था हाथ पकड़ कर खिंच लूँ, खींचकर गोद में बैठा और मम्मे दाब दूँ। पर मैंने इंतजार करना सही समझा। हमने आपमें अपने ड्रिंक्स और कॉकटेल मंगा लिये। हम मजे करने लगे, ड्रिंक्स के साथ स्पाइसी थाई खाने का मजा लेने लगे। क्लब में पानी के झरने भी बने हुए थे। हम मजे करने लगे।
कुछ देर में वहां कॉलेज की लड़कियों का एक ग्रुप भी आ गया। वो भीं 3 लड़कियां थी। वो सब भी मस्ती के मूड में थी।

धीरे धीरे हमारी उस तीनो से दोस्ती हो गयी। जब मैंने देखा की अभय और गुरप्रीत ने एक एक लड़की पकड़ ली है और फ़्लर्ट करने लगे है तो मैंने कहा मैं ही क्यों पीछे रहूँ। मैं भी तान्या को लाइन मारने लगा। सायद वो तीनो लड़कियां भी चूदने के लिये लण्ड ढूंढ रही थी। मौजे लड़की पटाने के लिए डांस फ्लोर का आईडिया आया। मैं अभय से कहा कि इस तरह बैठने में कोई मजा नही है, लड़कियों को लेकर डिस्को में चलते है। वही इनके गले और कमर में हाथ डालकर नाचेंगे तब लड़कियां जल्दी पट जाएंगी। हम लोगों को नही मालूम था। वहां अंदर डिस्को में रेव पार्टी चल रही थी। ये नाईट क्लब जो ज़माने से 10 कदम आगे था। अब मुझे समझ आया की बैगलोर के युवा इसे क्यों सबसे ज्यादा पसंद करते है।

हम गेट से अंदर गये तो हमारे होश उड़ गए। अंदर बड़ी तेज आवाज में रैप म्यूजिक बज रहा था। विदेसी गाने तेज धुन में बज रहे थे। आधे से जादा लड़कियां तो नँगी थी। बिकिनी में थी। वो खड़ी होकर बड़ी मादक अंदाज में अपने हिप्स हिला रही थी। जबकि उसके साथ के लड़के उनके गोल गोल फुले फुले हिप्स में चपट मार रहे थे। वहां अपने हिप्स को मादक अंदाज में जल्दी जल्दी हिलाने की प्रतियोगिता चल रही थी। हल्की हल्की रुमाल के साइज की बिकिनी में उनके मम्मे साफ साफ दिख रहे थे। मेरा और मेरे दोंस्तों का तो लण्ड खड़ा हो गया ये सब देखकर। मज़ा आया गया दोंस्तों। अब समज आ गया कि हर नौजवान बंगलोर क्यों आना चाहता है।

डिस्को में अँधेरा था, बस म्यूजिक की लाइट्स, और हल्की डिस्को लाइट्स जल्दी जल्दी जल बुझ रही थी। इसलिये चुदाई का पूरा मौसम था दोंस्तों। हम और आगे बढ़े तो ये बड़ी सी मेज पर लड़के लड़कियां ड्रग्स ले रहे थे। सफ़ेद पावडर मैंने देखा तो मजा आ गया। और आगे बड़ा तो कुछ लड़के लकड़ियाँ नशीला हुक्का गुड़क रहे थे। मैंने कहा कि आज तो कम से कम एक चूत तो मारके जाऊंगा। फिर हम जहाँ पर जाकर बीठे वहां कोने में अँधेरे में खुल्लम खुल्ला चुदाई चल रही थी। मैंने कहा बस सही जगह आ गया हूँ।

मैंने तान्या को लेकर डांस करने चला गया। मैंने उनकी कमर में हाथ डालकर नाचने लगा। चुदाई का मौसम बनने लगा। वही अभय और गुरप्रीत भी अपनी अपनी लड़कियों को लेकर डांस करने लगी। मेरी वाली लड़की तो कुछ जादा ही मॉडर्न थी। वो धीरे धीरे अपने कपड़े उतारने लगी। और भी लड़कियां उसकी देखा देखी कपड़े उतारने लगी तो कुछ लड़के लड़कियां सीटी बजाने लगी। मुझे भी कहने लगे। हटा सावन की घटा। मैंने भी अपने कपड़े उतारने लगा। मैंने शर्ट उतार दी। तान्या ने अपनी ब्रा भी खोल दी। दो खूब ढोस पूरी भीड़ के सामने आ गयी। पर दोंस्तों, कम्पटीशन होने से। अभय और गुरप्रीत की लड़कियां और दूसरी लड़कियां भी नँगी होने लगी।

मैंने कहा इसकी माँ की! अब तो चूत मिल ही जाएगी। बस मैंने भी जब अपनी जीन्स उतार दी। मैं रोज जिम जाता था। 6 पैक से मेरे। खूब गजब बॉडी थी मेरी। मेरा लण्ड भी बड़ा मोटा, गोरा, और लम्बा था। बस फिर अभय और गुरप्रीत से भी अपनी पैंट उतार दी। एक लड़का पता नही कहाँ से आ गया। सायद वो मेरी माल तान्या को फक करना चाहता था। बहनचोद कपड़े उतार के तान्या के बगल आ गया और उससे डांस करने को कहने लगा। मैं जान गया कि वो मेरा माल छीनना चाहता है, मैं तान्या को लेकर उससे दूर आ गया। फिर हनी सिंह का गाना बजने लगा। सब लोग लड़कियों से पूरी तरह नँगी होकर अपने हिप्स और चूत दिखाने को कहने लगा। लड़कियों को भी ड्रिंक्स का नशा चढ़ ही चूका था। वो आधे होश में थी। बस तान्या और बाकि लड़कियों ने अपनी स्कर्ट, फिर पैंटी उतार दी। डिस्को में सीटियों की बारिश हो गयी।

फक बेबी फक!! फक यूर पुसी!! अब भीड़ ये नारा लगाने लगी। मैंने तान्या को नँगी नँगी कमर में ले लिया की कहीं कोई और चोदूँ लड़का आकर उसे ना ले जाए। वैसे भी वो पुरे होश में नही थी। अगर कोई और लड़का भी उसे चोद देता तो भी वो जान नहीं पाती की किसने चोदा है। सुबह यही सोचती की पियूष से नाईट क्लब में कल रात चूदी थी। मैं सोच की रहा था कि क्या करो, तब तक अभय और गुरप्रीत अपनी अपनी लकड़ियों को एक दीवाल पर खड़ा करके उनकी चूत में ऊँगली करने लगे। मैं भी तान्या को एक दीवाल के किनारे ले आया और चूत में ऊँगली करने लगा। डिस्को में अंधेऱा था, इसीलिए चुदाई का पूरा मौसम बन रहा था। तान्या और वहां मौजूद हर लड़की झांटे बनाकर आयी थी।

तान्या चुदासी और बेसुध हो गयी थी। उसे बस हल्का हल्का मजा मिल रहा था। मैने उसे दीवाल के सहारे से खड़ा कर दिया, हल्का दिवार पर झुका दिया और उसकी साफ चिकनी चूत में ऊँगली करने लगा। वो मस्त होने लगी। भीड़ में से कुछ लड़कियां मेरी वीडियो अपने अपने मोबाइल से बनांने लगी। मैंने कहा मश्हूर होने का पूरा मौका है। डिस्को की जलती भुझती लाइट्स में मैंने उन लड़कियों को अपना मोबाइल नॉ भी बता दिया जिससे कलको इसी में से कोई नई लड़की चोदने को फिर मिल जाए। मैं भी मस्ती में आ गया मैंने तान्या के फूले फुले चूतड़ों में अपना मुँह डाल दिया। तान्या मादक अंदाज में जल्दी जल्दी हिल रही थी जिससे उसके चुत्तड़ो में लहर पैदा हो रही थी। मैं भी जल्दी जल्दी अपना चेहरा उसने चुत्तड़ो में डालकर अपना चेहरा रगड़ने लगा।

मजा आ गया दोंस्तों। तान्या की नँगी छतियों भी खूब जल्दी जल्दी हिल रही थी। उनमें भी लहरें उत्पन्न हो गयी थी। उसके दूध भी खूब हिचकोले खा रहे थे। खूब बड़ी बड़ी कसी कसी छातियां थी उसकी। मैं और जोश में आ गया। पीछे मैं घुटने पर बैठ गया। तान्या की गाण्ड चाटते हुए उसकी बुर में जल्दी जल्दी ऊँगली करने लगा। खूब देर तक मैं उसकी बुर में ऊँगली करके उसकी चूत नर्म की। तान्या के चूत से उसका माल निकलने लगा। बिलकुल सफ़ेद खीर जैसा था। मैं खुश हो गया और जल्दी जल्दी ऊँगली करने लगा। फिर अचानक तान्या की चूत ने पिच्च पिच्च अपना पानी छोड़ दिया। कुछ बून्द तो फर्श पर गिर गयी। पर मैंने जल्दी से अपना मुँह लगा दिया। बाकी पिचकरी मेरे मुँह में चली गई। चुदास मेरी खोपड़ी पर चढ़कर बोलने लगी।

अब तो बस मुझे तान्या की चूत मारनी थी। तभी सब भीड़ मुझसे तान्या से लंड चुस्वाने को कहने लगी। मैंने सीधा पीछे हाथ में हाथ बांध के खड़ा हो गया। तान्या फर्श पर घुटने के बल बैठ गयी। जोर जोर से मेरे लण्ड को फेटने लगा। आआहा!! मुझे स्वर्ग सा मजा मिलने लगा। मैं नजर घुमाकर देखा मेरे जिगरी दोस्त अभय और गुरप्रीत भी अपनी अपनी लड़कियों से लण्ड चुस्वा रहे थे। मैं भी मजे से लण्ड चुस्वाने लगा तान्या से। लोग सीटी बजाने लगे। मेरा और तान्या का वीडियो लोग बड़े इंटरेस्ट से बना रहे थे। तान्या मेरे मस्त गोरे, मोटे लण्ड को खूब मन लगाकर चुस रही थी। वैसे ही वो नशे में थी।

अब चोदने की बारी का आयी। मैंने तान्या को नँगी नँगी गोद में उठा लिया। मैं उसको उधर अँधेरे में ले गया जहाँ सब लोग अपनी अपनी माल को चोद रहे थे। भीड़ मुझे अपने अपने मोबाइल की टॉर्च जलाकर रास्ता दिखाने लगी। अभय और गुरप्रीत भी अपनी माल को लेकर इस कोने में आ गए। जहाँ अँधेरे में चारों तरह सिर्फ चुदाई चल रही थी। कोई किसी की बुर चोद रहा था, कोई गाण्ड। मैंने तान्या को एक जगह सोफे पर लिता दिया। लोग मुझे अपने मोबाइल की टॉर्च से तान्या की बुर दिखाने लगे। मैंने उनको थैंक्स कहा। मुझे तान्या की चूत मिल गयी। मैंने लण्ड लगाया और चोदने लगा। जो लोग वहां मेरा वीडियो बना रहे थे, वो सीटी मारने लगे। कुछ ताली बजाने लगे। मेरा जोश बढ़ गया। मैंने तान्या की एक टांग अपने कंधे पर रख ली। उसकी क्लाइटोरिस मैं अपनी ऊँगली से रगड़ने लगा, और धकाधक उसे पेलने खाने लगा।

मैं उस रात का स्टार बन गया था। मैं उस रात का हीरो बन गया था। सिर्फ मेरे बदन पर मेरी कलाई घडी थी और पैर में लंबे लेदर बूट्स। मैं खचाखच तान्या को चोदे जा रहा था। हा हा हा मैं हुमक कर गहरे गहरे शॉट्स मार रहा था। तान्या मस्त चुद रही थी। जन्नत में घूम रही थी। उधर हानि सिंह का म्यूजिक माहौल में चार चांद लगा रहा था। उस दिन मजा आ गया था दोंस्तों। मैं तान्या को खूब पेला। फिर उसे घुमा दिया। उसे बिच (कुतिया) बना दिया। फक द बिच !!! फक द बिच!! लोग चिल्लाने लगे। तान्या इतनी चिक्कन माल थी मैं आपको क्या बताऊँ। उसकी बुर चोदने के बाद थोड़ा रिलैक्स किया। उसकी बुर, झांघ ,और गाण्ड चाटने लगा। मैंने पीछे मुड़ कर देखा। अभय और गुरप्रीत अपनी अपनी माल की गाण्ड ले रहे थे।

मुझे भी जोश चढ़ गया। शराब और ड्रग्स के नशे में धुत्त लड़के लड़कियां मुझे अपनी अपनी मोबाइल की टॉर्च से तान्या की गाण्ड का छेद दिखाने लगे। मैं भी लण्ड उसकी गाण्ड पर रखा और हच से मार दिया अंदर। तान्या की माँ चुद गयी। उसे काफी दर्द हुआ , पर शराब के नशे में जादा नही पता चला। मैं उसकी गाण्ड लेने लगा। ओह्ह !! मैं सुख संसार में डूब गया। मैं अंदर तक पूरी गहराई में उसकी गाण्ड लेने लगा। दोंस्तों तान्या बड़ी गोरी गोरी थी। मस्त गुलाबी मलाई जैसी उसकी बुर भी , और गांड़ भी। मुझे तो बड़ा मजा आया दोंस्तों। मैंने करीब एक घण्टे तक उसकी गांड़ ली दोंस्तों, फिर जल्दी से तान्या मेरे सामने आ गयी। मैंने उसके मुँह में अपनी धार छोड़ दी। लोग ताली बजाने लगी।

फिर मैंने पीछे से ही आधे घण्टे तक तान्या की चूत मारी। अगले दिन उन लड़कियों ने मेरा वीडियो व्हाट्स ऐप पर पूरे बैंगलोर में वायरल कर दिया। मैंने बड़े जुगाड़ से अपना फोन नो भी बता दिया था। अगले दिन मेरा नाईट क्लब का चुदाई वीडियो वीडियो हर एक के पास था। फिर दोंस्तों, मैं 6 लड़कियां और चोदी उसी नाईट क्लब में। मेरी जिंदगी में ट्विस्ट आ गया दोंस्तों।